UP Panchayat Election 2026: उत्तर प्रदेश में 2026 में होने वाले त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों से पहले परिसीमन की प्रक्रिया ने पंचायतों की संरचना में बड़े बदलाव की रूपरेखा तैयार कर दी है। नगरीय सीमाओं के विस्तार और नए नगर निकायों के गठन के चलते राज्य में 40 जिला पंचायत सीटें, करीब 1,500 क्षेत्र पंचायत (बीडीसी) वार्ड और 4,608 ग्राम पंचायत वार्ड घटा दिए गए हैं। पंचायतीराज निदेशक अमित सिंह ने बताया कि कुल 58,189 ग्राम पंचायतों में से 495 पंचायतों का पुनर्गठन कर उनकी संख्या 57,694 कर दी गई है। अब तक 47 जिलों ने परिसीमन रिपोर्ट शासन को भेज दी है, जबकि 28 जिलों से जल्द रिपोर्ट जमा करने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला, क्षेत्र और ग्राम पंचायत सीटों में कटौती
UP Panchayat पंचायतीराज विभाग के अनुसार, परिसीमन के बाद जिला पंचायत वार्डों की संख्या 3,050 से घटकर 3,011 रह जाएगी। क्षेत्र पंचायत (बीडीसी) सदस्यों के वार्ड 75,845 से घटकर 74,345 हो जाएंगे। वहीं, ग्राम पंचायत वार्डों की संख्या 7,32,643 से घटकर 7,28,035 रह जाएगी। यह कटौती मुख्य रूप से शहरी सीमाओं के विस्तार, नए नगर निकायों के गठन और पंचायतों के पुनर्गठन के कारण की गई है।
28 जिलों में पुनर्गठन जारी
राज्य के 28 जिलों — जिनमें रायबरेली, सीतापुर, सुल्तानपुर, बहराइच, महाराजगंज, कानपुर देहात, मऊ, पीलीभीत, आगरा, औरैया, बागपत, बलिया, भदोही, बदायूं, फिरोजाबाद, गाजियाबाद, झांसी, कासगंज, कौशांबी, कुशीनगर, मिर्जापुर, मुरादाबाद, प्रतापगढ़, प्रयागराज, रामपुर, सहारनपुर, संत कबीर नगर और सोनभद्र शामिल हैं — में वार्डों के पुनर्गठन की प्रक्रिया तेजी से जारी है। इन जिलों की अंतिम रिपोर्टें भी जल्द शासन को भेजी जाएंगी।
पंचायत चुनाव की तैयारियां
राज्य में त्रिस्तरीय UP Panchayat चुनाव की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। पंचायतीराज निदेशक के अनुसार, ग्राम प्रधानों का कार्यकाल 26 मई 2026, क्षेत्र पंचायत प्रमुखों का 19 जुलाई 2026 और जिला पंचायत अध्यक्षों का 11 जुलाई 2026 को समाप्त हो रहा है। इसके चलते परिसीमन की अंतिम सूची जारी होने के बाद चुनाव की अधिसूचना की प्रक्रिया शुरू होगी।
















